. अगले दिन सभी लड़कियों ने आपस में बताया कि उनके पार्टनर्स बहुत कम्फर्टबल हैं और शायद उन्हें सेक्स से कोई परहेज नहीं होगा.
पर उन लोगों ने ये तय किया कि अभी इस विषय में कोई जल्दीबाजी नहीं … अभी आपस में आत्मीयता और बढ़ने दो.
अगले शनिवार को पार्टी पिंकी-धीरज के घर थी.
सभी बहुत गर्मजोशी से मिले … किसी के चेहरे पर कोई टेंशन नहीं थी, लड़कियां ज्यादा उछल रही थीं.
सभी को ख़ुशी यह थी कि एक नए ढंग से मस्ती हुई.
और अच्छी बात यह है कि किसी को कोई फर्क नहीं.
राहुल, धीरज, राजीव और मुश्ताक तो अलग ग्रुप बना कर ड्रिंक्स के गिलास लेकर हंसी ठट्ठा कर रहे थे तो पिंकी, शबनम, सीमा और नायरा वहीं अलग बैठ गयी थी.
हंसी मजाक जोरों पर था.
शबनम-पिंकी ने सिगरेट सुलगा ली थी.
अब सिगरेट को लेकर किसी को कोई उलझन नहीं थी.
पिंकी ने सुझाव दिया कि चलो सब लोग डांस करेंगे … और इस बार लाईट ऑन रहेगी.
पर सबको छूट होगी कि वो पार्टनर्स बदल बदल के डांस कर लें.
बदमाशी कुछ नहीं होगी.
उसने ‘जंगल है आधी रात है, लगने लगा है डर’ म्यूजिक लगा दिया और सब लोग अपने अपने पार्टनर्स के साथ डांस करने लगे.
कुछ मिनट बाद म्यूजिक अपने अपने आप बदला और पार्टनर्स भी बदल गए.
राहुल के पास सीमा आ गयी, धीरज के पास नायरा, पिंकी खुद ही मुश्ताक की बाँहों में झूल गयी और शबनम राजीव के पास.
अब म्यूजिक नशीला था और समां रंगीला … सभी मस्त होकर धीरे धीरे घूम रहे थे.
सभी की बाँहों का घेरा अपनी जोड़ी को घेरे था.
सीमा बोली- अगर सब को ठीक लगे तो क्या लाईट धीमी कर लें? नायरा हंस कर बोली- कर तो ले धीमी … पर राहुल को सताना मत ज्यादा, वर्ना वो आज नहीं छोड़ेगा.
पिंकी बोली- कोई छोड़े न छोड़े, नायरा तुझे धीरज नहीं बक्शेगा.
हंसी मजाक के बीच पिंकी ने लाईट धीमी कर दी.
फिर एक बार म्यूजिक बदला.
पर मजे की बात ये कि अबकी बार किसी ने पार्टनर नहीं बदला.
पिंकी बोली- मैं दो मिनट के लिए लाईट बंद कर रही हूँ, सब लोग अलग अलग हो जाएँ, म्यूजिक चलेगा और फिर जिसके पास जो आ जाएगा, अगले दो मिनट वो उसी के साथ डांस करेगा.
म्यूजिक बंद होने पर सब वापिस अलग अलग आ जायेंगे.
अगला म्यूजिक चलेगा तब मैं लाईट ऑन करुँगी.
अगर किसी को कोई एतराज हो तो वो बैठ कर ड्रिंक या स्नैक्स का मजा ले सकता है.
सबने हूटिंग करके उसकी बात का समर्थन किया.
सब लोग अलग अलग होकर खड़े हो गए.
सब इस तरह से खड़े हुए थे कि म्यूजिक शुरू होते ही जो जोड़ी बनें वो पति पत्नी की न बनें.
पिंकी ने लाईट बंद कर दी … म्यूजिक चला दिया … नाजिया हसन का ‘आओ न प्यार करें …’ नई जोड़ियाँ बन चुकी थीं, कौन किसके साथ था किसी को नहीं मालूम था.
माहोल गर्म था क्योंकि अँधेरा था और जवां शरीर चिपक कर डांस कर रहे थे.
ये तो तय था कि उन सभी के होंठ चिपके हुए होंगे और हाथ भी इधर उधर हो रहे होंगे.
पिंकी ने ये सब अचानक करवा दिया, जिसकी किसी को उम्मीद नहीं थी … पर आग तो भड़क चुकी थी … इन दो मिनटों में शायद वो सब कुछ हो गया जिसकी इन जोड़ों ने तैयारी नहीं की थी.
अब दो मिनट में सेक्स तो नहीं हो सकता था, पर हाँ अब माहौल तैयार था … म्यूजिक थमा पर जोड़े चिपके रहे.
पिंकी अलग हुई, पर उसे अहसास था कि कोई भी अलग नहीं हुआ है और ऐसे में लाईट खुलना पता नहीं ठीक होगा या नहीं! तो उसने एनाउन्स किया- मैं लाईट खोल रही हूँ.
वन … टू … थ्री.
अब सब अलग हो चुके थे और लड़कियां तो लाईट खुलते ही वाशरूम की ओर भागीं.
वहां का नजारा अजीब था.
लड़कों के चेहरे पर लिपस्टिक के निशाँ थे, शर्ट के ऊपरी बटन खुले थे और शर्ट पैंट से बाहर निकली ही थी.
धीरज की तो ज़िप खुली थी जो राजीव ने हँसते हुए उसे दिखाई.
सभी के बाल भी अस्त व्यस्त हो चुके थे … लड़कियां जब एक साथ वाश रूम में घुसी तो वहां से जोर की हंसी की आवाज आ रही थी.
बाहर आकर सबने बताया कि आज तो उनकी इज्जत लुटी है, वो तो सब लड़कों को बेहद शरीफ मानती थीं पर आज उनकी शराफत देख ली.
डिनर का टाइम हो गया था.
डिनर पर राजीव ने आइडिया दिया कि अगले वीकेंड पर सब लोग दो दिनों के लिए बाहर चलते हैं … मस्ती होगी.
क्या होगा अब ये सब समझ गए थे … अब उसमें कसर ही क्या रह गयी थी … कहाँ चलना है ये जिम्मेदारी नायरा और राहुल पर छोड़ दी.
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स्रोत:इंटरनेट