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Malkin Ka Tagda Lund Hindi Adult Stories

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संगीता की चूत पेलने के बाद मालकिन के फौलादी लंड की नज़र अब उसकी गांड पे है। संगीता की जवान बहु भी लाइन में है। पढ़िए अनूठी hindi adult stories का आखिरी भाग।. Hindi Sex Story के अन्य भाग-. पार्ट 1. पार्ट 2. ———————–. “संगीता, चल अपना गांड इधर कर, बहुत मस्त गांड है तेरी ! चाट खा जाने को मन करता है ।” अंजलि संगीता की उभरी हुई मस्त चुतडोँ को सहलाते हुए बोली । “मैँने कभी मना किया है आपको मैडम? पर पहले तेल लगा लेना अच्छी तरीके से और धीरे धीरे घुसाना ! आपका बहुत बड़ा मूसल जैसे लंड है ।”. “तु बस देखती जा !” कह कर अंजलि ने संगीता को बांई और लेट जाने को कहा और व भी उसिके पिछे उसी पोजिसन पे लेट कर अपनी लंड को संगीता की गांड के दरार मेँ रगडने लगी । तभी अंजलि ने अपने दांए हाथ के. एक उंगली को संगीता के मुंह मेँ घुसा दिया, संगीता उंगली को चाट चाट कर गिला कर दिया । अब अंजलि गिले उंगली को मुंह से सिधे संगीता की गांड के छेद मेँ अंदर पेल कर घुमाने लगी । फिर अंजलि अपनी दोनों उंगली एक साथ उसकी गांड में अंदर-बाहर करने लगी । थोड़ी देर तक अंदर-बाहर करने के बाद अंजलि उसी अवस्था में पर्स से एक कंडोम निकाल कर अपनी लंड पे चढा लिया और थोडा ऑलिव-ऑयल लंड पर डाल. दिया । फिर अंजलि अपनी लंड उसकी गांड के छेद पर टिका दिया और संगीता की होँठ को एक बार फिर चुमते हुए हल्के से धक्का दिया । अंजलि की लंड का सुपाडा संगीता की गांड में अंदर चला गया । संगीता ने अपने होंठ. भींच लिये, उसे थोड़ा दर्द हो रहा था । अंजलि फिर से एक हल्का सा धक्का दिया तो उसकी पुरी लंड अब संगीता की गांड मेँ चला गया । अंजलि वैसे ही अपने लंड को संगीता की गांड में घुसाए रखा । और धिरे से लंड को पुरा बाहर निकाल कर फिर से जड तक पेल दिया. । अब अंजलि कोई दस-ग्यारह बार इस प्रकार लंड को अंदर-बाहर करने लगी । फिर उसने हाथ बढ़ाकर संगीता की चूचियों को मसलना शुरु कर दिया ।. थोड़ी देर तक यही सब चलता रहा, फिर अंजलि ने अपनी लंड को हौले-हौले अन्दर-बाहर करने लगी । अब अंजलि संगीता की गाण्ड मारनी शुरु की और धीरे धीरे रफ़्तार पकड़ती चली गयी । अब संगीता भी मजा लेने लगी थी, उसकी गांड की कसावट से अंजलि को भी मजा आने लगा था।. अंजलि अब अपनी पूरी रफ़्तार में आ चुकि थी और व संगीता की गांड जोरदार तरीके से चोद रही थी । थोड़ी देर तक चुदाई करने के बाद अंजलि की शरीऱ अकड़ने लगी और व संगीता के गांड में तेज धक्के लगाती हुई झड़ गई ।. संगीता ने अब अपनी आंखें खोली और देखा कि मैडम बुरी तरह से हांफ रही है । अंजलि ने अपनी लंड उसकी गांड से बाहर निकाली । कंडोम पर अंजलि के लंड से निकले ढेर सारे सफेद वीर्य दिख रहे थे । फिर अंजलि और संगीता. एक-दुसरे को बाहोँ मेँ भर कर चुमती रहीँ । थोड़ी देर वैसे ही चुम्मा-चाटी के बाद संगीता ने अंजलि की लंड से कंडोम निकाल दिया और अपने जीभ से उसकी लंड को अच्छी तरह से चाट कर साफ किया । फिर अंजलि ने भी एक. भिगे हुए तौलिए से संगीता की गांड की सफाई की ।. अंजलि अब उठने लगी और वहीं पड़े गाउन को पहन लिया फिर पास खड़ी संगीता की सर पर हाथ फेरते हुए वहां से अपने कमरे की ओर चली गई । संगीता सीधे बाथरूम में घुस गई और भीतर से अपने आपको अच्छी तरह साफ करके साडी. पहनकर बाहर आ गयी थी ।. अंजलि जब बाहर निकली तो उसके चेहरे पर एक अजीब सी चमक थी, कोई उसे देख कर यह नहीं कह सकता था कि उसकी उम्र 47 के आसपास है और व तीन बच्चोँ की मां है । सेक्स उसे अच्छा लगता था या यूं कहें कि सेक्स उसकी हॉबी थी । पर एक अजीब किस्म के सेक्स उसकी हॉबी बन चुकी थी । शीमेल सेक्स ! अपने पति संजीव के साथ विदेश की दौरे पर कोई बार उन लगोँ ने शीमेल के साथ मिल कर सेक्स का आनंद भी उठाया था । पर अंजलि को लेसबियन सेक्स. मेँ भी बहुत रुचि थी । हालांकि उसका और संजीव का सेक्स जीवन खासा अच्छा नहीँ था ।. उनके तीन बच्चे भी थे, एक लडका और दो लडकी, तीनोँ बडे हो चुके थे और लंदन में रहते थे । रुपये पैसे की कमी नहीं थी, पति संजीव मेहरा देश के नामी रईस आदमियोँ मेँ गिने जाते हैँ । जिनकी कई फैक्ट्रियां थी और कम्पनियां थी, देश भर में बिजनेस फैला हुआ था। इन सब के बावजुद संजीव और अंजलि अपने तरीके से जिंदगी गुजार लेती हैँ । कोई किसी के निजी जिंदगी मेँ दखल नहीँ रखते । जिस्मानी तौर पर पति से अलग होने पर अंजलि की लेसबियन सेक्स की आदत बढ गई ।. उम्र बढने के साथ उसकी ये आदत बढती चली गई । और अपनी लेसबियन मनसुबोँ को और कामयाब बनाने के लिए अंजलि ने शीमेल बनने का निश्चय कर लिया । फिर उसने फ्रांस के एक प्रसिद्ध जेंडर थेरपिष्ट की मदद से शरीर को बदल. डाली । उसकी शरीर से बुर और बच्चेदानी को हटाकर एक बडा सा लंड ट्रांसप्लांट किया गया और साथ मेँ व दो साल तक testosterone की खुराक लेती रही ताकि लंड पुरी मर्द की तरह काम करने लगे । सिर्फ लंड को छोड कर. पुरी शरीर पहले जैसा औरत का ही रहा ।. उसके बाद अंजलि ने ढलती उम्र मेँ अपनी बदली हुई शरीर से भरपुर सेक्स का मजा उठाने लगी । मेहरा साहब को भी अपनी पत्नी की बदली हुई सेक्स से कोई ऐतराज नहीँ था । सारे बच्चे भी अब दुर रहते है । व बहुत दिनोँ से. अपनी जिद्दी पत्नी को आजाद कर दिया था । अब अंजलि की निजी मामले मेँ दखल नहीँ देते । फिर भी दोनोँ एक अच्छे पति-पत्नी की तरह ही रहते हैँ ।. मुम्बई की डिफेन्स कॉलोनी में मेहरा साहब का पुरा परिवार रहता था। आलीशान बंगला कई नौकर-चाकर रहते थे मगर इन सबमें संगीता सबसे ज्यादा चहेती नौकर थी । अंजलि नाश्ते के लिए आकर मेज़ पर बैठी और नाश्ता करने. लगी । तभी सामने अंजलि की एक और नौकरानी आई जो संगीता की बहू थी और उसके सामने रखे ग्लास में जूस डालने लगी ।. उसका नाम श्वेता था । देखने मेँ थोडी सी मोटी थी पर मस्त लौँडिया थी । उसकी उम्र 25 का आसपास ही थी । अभी तक कोई बच्चा नहीँ हुआ था । व रोज अपनी सास संगीता के साथ काम पर आती थी ।. अंजलि ने श्वेता को भी नहीँ छोडी थी । जब नाश्ता करते समय श्वेता की मटकती गांड देखी तो अंजलि से रही नहीँ गयी । अंजलि उठ कर श्वेता की भारी गांड पर थपकी लगाते हुए बोली-. “आज रात को अपनी सास को लेकर आ जाना । मेरी पुरी बदन मेँ दर्द हो रहा है । तुम दोनोँ मिलकर मसाज कर देना ।”. “जी मैडम ।” श्वेता अपनी गर्दन हिला कर बोली और जल्द ही अपनी सास को ये बात बताने चली गई ।.
स्रोत:इंटरनेट