×
प्लेबैक सेटअप सहायता
यदि आप पहले से ही Chrome/Edge का उपयोग कर रहे हैं, लेकिन फिर भी प्ले नहीं हो रहा है, तो अपने फ़ोन/पीसी सेटिंग्स की जाँच करें।
सुनिश्चित करें कि TTS इंजन सक्रिय है, उस भाषा का उपयोग कर रहा है जिसे आप सुनना चाहते हैं।
Android और अन्य OS उपयोगकर्ताओं के लिए
Android, Harmony, Lineage, Ubuntu Touch, Sailfish, ColorOS / FuntouchOS, hyperOS आदि के उपयोगकर्ताओं के लिए
मेनू एक्सेस: सेटिंग्स खोलें > एक्सेसिबिलिटी > टेक्स्ट-टू-स्पीच आउटपुट।
यदि नहीं है, तो सेटिंग्स > ऊपर सर्च बॉक्स > "text-to-speech" या "text" दर्ज करें
फिर टेक्स्ट-टू-वॉयस या टेक्स्ट-टू-स्पीच, या ऐसा ही कुछ चुनें।
भाषा जोड़ने के लिए, गियर आइकन ⚙ पर क्लिक करें > वॉइस डेटा इंस्टॉल करें और अपनी इच्छित भाषा चुनें।
iOS उपयोगकर्ताओं के लिए
सेटिंग्स > एक्सेसिबिलिटी > स्पोकन कंटेंट पर जाएं
या सेटिंग्स > ऊपर सर्च बॉक्स > "स्पोकन कंटेंट" दर्ज करें और एंटर करें
भाषा जोड़ने के लिए वॉइस चुनें और आवाज़ चुनें
MacOS पीसी उपयोगकर्ताओं के लिए
मेनू एक्सेस: एप्पल मेनू पर क्लिक करें () > सिस्टम सेटिंग्स > एक्सेसिबिलिटी > स्पोकन कंटेंट।
Windows उपयोगकर्ताओं के लिए
Windows 10 & 11
मेनू एक्सेस: स्टार्ट खोलें > सेटिंग्स > समय और भाषा > स्पीच।
Windows 7 & 8
कंट्रोल पैनल > ईज़ ऑफ़ एक्सेस > स्पीच रिकग्निशन > टेक्स्ट टू स्पीच
Windows XP
स्टार्ट > कंट्रोल पैनल > साउंड, स्पीच और ऑडियो डिवाइस > स्पीच
Windows 2000 & ME
स्टार्ट > सेटिंग्स > कंट्रोल पैनल > स्पीच
अन्य प्रकार के पीसी उपयोगकर्ताओं के लिए, जैसे लिनक्स, क्रोमओएस, फ्रीबीएसडी, आदि।
कृपया Google, Bing आदि जैसे सर्च इंजन में टेक्स्ट-टू-स्पीच को सक्षम करने के लिए सेटिंग्स खोजें
नोट वर्तमान में, यह पृष्ठ आपके डिवाइस के इंजन के अनुसार काम करता है।
इसलिए उत्पन्न होने वाली आवाज़ आपके डिवाइस के TTS इंजन का अनुसरण करती है।
देख रही थी.
15-20 मिनट की चुदाई के बाद मैं झाड़ गया तो आज मैने राशी की चूत. को चाटना शुरू कर दिया.
स्वीटी ने मुझे राशी की चूत को चाट ते हुए
देखा उसने अपना हाथ अपनी चूत पर रख लिया.
मैं समझ गया कि अब
वो धीरे धीरे रास्ते पर आ रही है.
राशी की चूत को चाटने के बाद
मैने अपना लंड राशी के मूह के पास कर दिया तो राशी ने भी मेरा लंड. चाट चाट कर सॉफ कर दिया.
उसके बाद मैं लेट गया.
तभी स्वीटी ने
कहा, दीदी, आप दोनो को घिन नहीं आती एक दूसरे का चाट ते हुए.
राशी ने कहा, कैसी घिन, मुझे तो मज़ा आता है और तेरे जीजू को भी.
उसके बाद हम सो गये.
. सुबह मैं नहाने गया तो मैने स्वीटी को पुकारा और कहा, टवल ले आ.
वो बोली, अभी लाई, जीजू.
वो टवल ले कर आ गयी.
मैने अपने लंड की
तरफ इशारा करते हुए कहा, थोड़ा रुक जा, मैं इसे साफ कर लूँ.
मैने अपने लंड पर साबुन लगाना शुरू कर दिया.
आज स्वीटी ने अपना सिर
नीचे नहीं किया और मेरे लंड को ध्यान से देखती रही.
वो अब ज़्यादा
नहीं शर्मा रही थी.
मैने अपने लंड को साफ किया और फिर उस से
टवल ले लिया.
वो चली गयी.
मैं बाथरूम से बाहर आया तो राशी ने
मेरे लंड पर तेल लगाया और फिर मेरे लंड को चूमा और किचन में. चली गयी.
स्वीटी इस दौरान मेरे लंड को ध्यान से देखती रही.
मैने
नाश्ता किया और दुकान चला गया.
. रात के 8 बजे मैं वापस आया तो मैं कुछ मिठाई ले आया था.
मैने स्वीटी को पुकारा.
स्वीटी आ गयी तो मैने उसे मिठाई दे दी.
उसने
मिठाई ले ली और कहा, आप के लिए भी ले आऊँ.
मैने कहा, हां,
थोड़ा सा ले आ.
वो मिठाई ले कर आई तो मैने मिठाई खाने लगा.
तभी राशी आई.
उसने मुझे मिठाई खाते हुए देखा तो बोली, आज कल
साली की बहुत सेवा हो रही है.
मैने कहा, क्या करूँ.
मेरी तो कोई
साली ही नहीं थी.
अब जब मुझे एक साली मिल गयी है तो उसकी सेवा तो
करूँगा ही.
लेकिन मेरी साली मेरा ज़्यादा ख़याल ही नहीं रखती.
स्वीटी
बोली, जीजू, मेरी कोई बहन नहीं है इसलिए मेरा कोई जीजू तो आने
वाला नहीं है.
आप ही मेरे जीजू हो, आप हुकुम तो करो.
मैने कहा,
क्या तुम मेरा कहना मनोगी.
वो बोली, क्यों नहीं मानूँगी.
मैने कहा,
ठीक है, जब मुझे ज़रूरत होगी तो तुम्हें बता दूँगा.
. अगले 2 दिनो में मैने स्वीटी से मज़ाक करना शुरू कर दिया.
धीरे
धीरे वो भी मुझसे मज़ाक करने लगी.
अब वो मुझसे शरमाती नहीं
थी.
अब स्वीटी खुद ही टवल ले आती थी.
उस दिन भी जब मैं नहा रहा
था तो वो टवल ले कर आई और खड़ी हो गयी और मेरे लंड को देखने. लगी.
मैने कहा, साली जी, आज तुम ही मेरे लंड पर साबुन लगा दो.
वो
बोली, क्या जीजू, मुझसे अपने लंड पर साबुन लगवाएँगे.
मैने कहा, तो
क्या हुआ.
वो बोली, दीदी क्या कहेंगी.
मैने राशी को पुकारा तो वो आ गयी
और बोली, क्या है.
मैने कहा, मैं स्वीटी से अपने लंड पर साबुन लगाने
को कहा तो ये कह रही है कि दीदी क्या कहेंगी.
अब तुम इसे बता दो की
तुम क्या कहोगी.
राशी ने कहा, मैं तो कहूँगी कि स्वीटी तुम्हारे लंड पर
साबुन लगा दे.
आख़िर वो तुम्हारी साली है.
मैं भला इसे कैसे मना
कर सकती हूँ.
मैने स्वीटी से कहा, देखा, ये तुम्हें कुछ भी नहीं
कहेगी.
स्वीटी ने कहा, फिर मैं साबुन लगा देती हूँ.
राशी चली गयी.
स्वीटी ने थोड़ा सा शरमाते हुए मेरे लंड पर साबुन
लगाना शुरू कर दिया.
मुझे खूब मज़ा आने लगा.
उसकी आँखे भी
गुलाबी सी होने लगी.
थोड़ी देर बाद वो बोली, अब बस करूँ या और
लगाना है.
मैने कहा, थोड़ा और लगा दे, तेरे हाथ से साबुन लगवाना
मुझे बहुत अच्छा लग रहा है.
वो सबुन लगाती रही.
थोड़ी ही देर
में जब मुझे लगा कि अब मेरा जूस निकल जाएगा तो मैं कहा, अब
रहने दो.
उसने अपना हाथ साफ किया और चली गयी.
. मैं नहाने के बाद बाहर आया और ड्रॉयिंग रूम में सोफे पर बैठ. गया.
मैने राशी को पुकारा, राशी, ज़रा तेल तो लगा दो.
स्वीटी मेरे पास
आई और बोली, मैं ही लगा दूं क्या.
मैने कहा, ये तो और अच्छि
बात है.
तुम ही लगा दो.
स्वीटी मेरे लंड पर तेल लगा कर बड़े प्यार से
मालिश करने लगी तो मैं कुछ ज़्यादा ही जोश में आ गया.
स्वीटी ठीक
मेरे लंड के सामने ज़मीन पर बैठी थी.
मेरे लंड से जूस की धार
निकल पड़ी और सीधे स्वीटी के मूह पर जा कर गिरने लगी.
स्वीटी शर्मा
गयी और बोली, क्या जीजू, तुमने मेरा मूह गंदा कर दिया.
मैने कहा,
तुम्हारे तेल लगाने से मैं कुछ ज़्यादा ही जोश में आ गया और मेरे. लंड का जूस निकल गया.
लाओ मैं सॉफ कर देता हूँ.
वो बोली, रहने
दो, मैं खुद ही साफ कर लूँगी.
स्वीटी बाथरूम में चली गयी.
राशी
किचन से मुझे देख रही थी और मुस्कुरा रही थी.
राशी ने कहा, अब
तुम्हारा काम बन ने ही वाला है.
. नाश्ता करने के बाद मैं दुकान चला गया.
रात को मैं स्वीटी के लिए
एक झूमकि ले आया.
मैने उसे झूमकि दी तो वो खुशी के उच्छल पड़ी और
राशी को दिखाते हुए बोली, देखो दीदी, जीजू मेरे लिए क्या लाए हैं.
राशी ने कहा, तू ही उनकी एकलौती साली है.
वो तेरे लिए नहीं लाएँगे
तो और किस के लिए लाएँगे.
. रात को खाना कहने के बाद हम सोने के लिए कमरे में आ गये.
मैने
स्वीटी से मज़ाक किया, क्यों स्वीटी, मेरा लंड तुझे कैसा लगा.
उसने
शरमाते हुए कहा, जीजू, ये भी कोई पूछने की बात है.
मैने
कहा, तेरी दीदी को तो बहुत पसंद है, तुझे कैसा लगा.
उसने
शरमाते हुए, मुझे भी बहुत अच्च्छा लगा.
मैने पूचछा, तुझे क्यों
अच्च्छा लगा.
वो बोली, इस लिए की आप का बहुत बड़ा है.
मैने
पूचछा, जब मैं तुम्हारी दीदी के साथ करता हूँ तब कैसा लगता
है.
वो बोली, तब तो और ज़्यादा अच्च्छा लगता है.
लेकिन जीजू, एक बात
मेरी समझ में नहीं आती कि तुम्हारा इतना बड़ा है फिर भी दीदी के. अंदर पूरा का पूरा घुस जाता है.
मैने कहा, तेरी दीदी को इसकी
आदत पड़ गयी है.
वो बोली, लेकिन पहली बार जब आप ने घुसाया होगा
तो दीदी दर्द के मारे बहुत चिल्लाई होगी.
मैने कहा, दर्द तो पहली
पहली बार सब औरतों को होता है.
इसे भी हुआ था और ये खूब
चिल्लाई भी थी.
लेकिन स्वीटी बाद में मज़ा भी तो खूब आता है.
तुम
चाहो तो अपनी दीदी से पूछ लो.
स्वीटी ने राशी से पुछा, क्यों दीदी,
क्या जीजू सही कह रहे हैं.
राशी ने कहा, हां स्वीटी, तभी तो मैं
इनसे रोज रोज करवाती हूँ.
बिना करवाए मुझे नींद नहीं आती.
तुम
भी एक बार इनका अंदर ले लो.
कसम से इतना मज़ा आएगा की तुम भी रोज
रोज करने को कहोगी.
स्वीटी बोली, ना बाबा ना, मुझे बहुत दर्द होगा क्यों
की मेरा तो अभी बहुत छ्होटा है.
राशी ने कहा, छ्होटा तो सभी का
होता है.
स्वीटी बोली, मुझे दर्द भी तो बहुत होगा.
राशी ने कहा,
स्रोत:इंटरनेट